खेलो इंडिया सिर्फ़ एथलीट पहचान कार्यक्रम से कहीं आगे बढ़ चुका है।
अब इसमें कॉर्पोरेट, राज्य सरकारें, निजी अकादमियां और जमीनी स्तर के संगठन समेत कई हितधारक शामिल हैं। निजी क्षेत्र की भूमिका काफ़ी बढ़ गई है, जिसमें निगम प्रायोजन, बुनियादी ढांचा परियोजनाओं और एथलीट मेंटरशिप कार्यक्रमों के माध्यम से खेल विकास में निवेश कर रहे हैं। सरकार, राष्ट्रीय खेल महासंघों (एनएसएफ) और कॉर्पोरेट संस्थाओं के साथ […]
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